

हिमाचल प्रदेश पुलिस ने पहले बाढ़ में फंसे खनन माफिया की जान बचाई और उसके बाद उनके खिलाफ खनन अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया। दरअसल, महादेव खड्ड में शुक्रवार तड़के अचानक बाढ़ आने से अवैध खनन करते समय छह लोग फंस गए। खड्ड में एक जेसीबी और तीन टिपर से खनन किया जा रहा था। बाढ़ आने से ये लोग अपने वाहनों की छत पर खड़े होकर मदद के लिए चिल्लाने लगे। यह पहला मौका था, जब अवैध खनन करने वाले भागने की बजाय मदद मांगने लगे। शोर सुनकर लोगों ने दभोटा पुलिस को इसकी सूचना दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से एक जेसीबी और हाइड्रा से पानी का बहाव दूसरी ओर किया और इन चालकों को रेस्क्यू करके बाहर निकाला। इसके बाद पुलिस ने इनके खिलाफ खनन अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया।
पुलिस के अनुसार शुक्रवार सुबह पौने पांच बजे अचानक महादेव खड्ड में बाढ़ आ गई। खनन माफिया को बाढ़ का आभास नहीं था। खनन करने में व्यस्त थे। जब पानी ट्रक के ऊपर चढ़ गया तो जान बचाने के लिए चिल्लाने लगे। दभोटा पुलिस की देखरेख में नेक मोहम्मद और लक्की ने जेसीबी व हाइड्रा से पानी का बहाव दूसरी तरफ किया। टिपर के चालक रणबीर सिंह, मुकेश व सुनील और जेसीबी के चालक ओंकार सिंह, मीन मोहम्मद व रवि कुमार को रेस्क्यू करके बाहर निकाला। उधर, एएसपी अशोक वर्मा ने बताया कि पुलिस ने पहले खनन माफिया की जान बचाई और उसके बाद उनके खिलाफ खनन अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस जांच कर रही है।







