Home Himachal News हिमाचल में मनरेगा की बड़ी लापरवाही: 131 ट्रांसजेंडर पंजीकृत, एक दिन का...

हिमाचल में मनरेगा की बड़ी लापरवाही: 131 ट्रांसजेंडर पंजीकृत, एक दिन का भी काम नहीं

20
0
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय की हिमाचल पर आधारित रिपोर्ट में हुआ है। इस रिपोर्ट के बाद विभाग ने गलत आंकड़ा दिया है कि सचमुच इनकी संख्या इतनी है, यह जांच-पड़ताल का विषय बन गया है।

मनरेगा के तहत हिमाचल प्रदेश में 131 ट्रांसजेंडर पंजीकृत किए गए और इनमें से रोजगार एक को भी नहीं दिया और न ही कोई कार्य दिवस ही सृजित किए गए। यह खुलासा केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय की हिमाचल पर आधारित रिपोर्ट में हुआ है। इस रिपोर्ट के बाद विभाग ने गलत आंकड़ा दिया है कि सचमुच इनकी संख्या इतनी है, यह जांच-पड़ताल का विषय बन गया है।  दरअसल ट्रांसजेंडर की इतनी संख्या पहली बार सामने आई है। सवाल यह भी है कि अगर इनकी इतनी संख्या है तो इनमें से किसी को काम क्यों नहीं दिया गया। वहीं, ग्रामीण विकास मंत्री अनिरुद्ध सिंह भी इन चौंकाने वाले आंकड़ों से हैरान हैं। उन्होंने कहा कि इसका पता कर इस पर वस्तुस्थिति स्पष्ट करेंगे।

केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय की इस रिपोर्ट के अनुसार बिलासपुर से छह, चंबा से 15, हमीरपुर से 5, कांगड़ा से 18, किन्नौर से 2, कुल्लू से भी दो, मंडी से 31, शिमला से 24, सिरमौर से 14, सोलन से 10 और ऊना से चार ट्रांसजेंडर मनरेगा के तहत पंजीकृत किए गए हैं। चंबा में सबसे अधिक ट्रांसजेंडर मेहला में 4, कांगड़ा में भी सबसे ज्यादा नूरपुर व रैत में 4-4, मंडी में बालीचौकी में 10, ट्रंग व सराज में 4-4, शिमला में ठियोग में 5 और चौपाल में 4 दिखाए गए हैं। सिरमौर में सबसे ज्यादा शिलाई में पांच दिखाए गए हैं। उल्लेखनीय है कि वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव के दौरान थर्ड जेंडर या ट्रांसजेंडर में केवल 38 मतदाता थे, जिनमें से 26 ने वोट डाले थे। ट्रांसजेंडर की संख्या का इस तरह से बढ़ना इसलिए भी चौंका रहा है

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here