Home Himachal News हिमाचल में जमीन का बड़ा फर्जीवाड़ा! एक दस्तावेज़ ने पलट दिया पूरा...

हिमाचल में जमीन का बड़ा फर्जीवाड़ा! एक दस्तावेज़ ने पलट दिया पूरा मामला, अब कई लोग जांच के घेरे में… जानें पूरी खबर

68
0
कांगड़ा के जवाली में पौंग बांध विस्थापित की राजस्थान में आवंटित जमीन को कथित रूप से फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी के जरिए बेचने का मामला सामने आया है। शिकायतकर्ता ने दस्तावेज में हस्ताक्षर, आधार नंबर और फोटो में गड़बड़ी का आरोप लगाया है। पुलिस ने दो नामजद और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पढ़ें पूरी खबर...

पौंग बांध विस्थापित को राजस्थान में आवंटित जमीन को कथित तौर पर फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी (मुख्तयारनामा) के जरिए बेचने का मामला सामने आया है। शिकायत मिलने के बाद जवाली पुलिस ने दो नामजद और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार शिकायतकर्ता जगदीश चंद ने बताया कि उन्हें राजस्थान के रामगढ़ क्षेत्र में सरकार की ओर से एक मुरब्बा भूमि आवंटित की गई है। यह जमीन उन्होंने खेती के लिए एक व्यक्ति को काश्त पर दी हुई है।

शिकायत के मुताबिक, 27 जुलाई की रात काश्तकार का फोन आया, जिसने पूछा कि क्या जमीन बेचने के लिए किसी को पावर ऑफ अटॉर्नी दी गई है। इनकार करने पर शिकायतकर्ता को व्हाट्सएप के माध्यम से कथित पावर ऑफ अटॉर्नी की प्रतियां भेजी गईं।

दस्तावेज देखने पर शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि उसमें उनके नाम पर फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार की गई थी। उनका कहना है कि वे हमेशा अंग्रेजी में हस्ताक्षर करते हैं, जबकि दस्तावेज में अंगूठे का निशान लगाया गया है। साथ ही आधार नंबर भी गलत दर्ज किया गया है। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि दस्तावेज के सत्यापन के दौरान फोटो में किसी अन्य व्यक्ति को शिकायतकर्ता के रूप में दर्शाया गया।

एएसपी नूरपुर धर्म चंद वर्मा ने बताया कि शिकायत के आधार पर पुलिस ने दो आरोपियों और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। मामले की जांच जारी है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here