
भारतीय एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान हुए प्रदर्शन मामले में पुलिस जांच तेज हो गई है। इस मामले में इंडियन यूथ कांग्रेस (आईवाईसी) के तीन नेताओं को गिरफ्तार कर दिल्ली लाया गया है।
क्या है मामला?
दिल्ली में आयोजित भारतीय एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान कुछ यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने टी-शर्ट उतारकर विरोध प्रदर्शन किया था। आरोप है कि प्रदर्शन के लिए इस्तेमाल की गई टी-शर्ट का इंतजाम शिमला जिले के रोहड़ू से गिरफ्तार नेता सिद्धार्थ ने किया था।
पुलिस के अनुसार:
- अरबाज अहमद खान और सौरभ समिट के दौरान टी-शर्ट उतारकर प्रदर्शन में शामिल थे।
- प्रदर्शन के बाद तीनों आरोपी दिल्ली से हिमाचल प्रदेश भाग गए थे।
- वे शिमला जिले के चिड़गांव के एक होटल में ठहरे हुए थे।
- समिट से पहले यूथ कांग्रेस कार्यालय में हुई बैठक में ये शामिल हुए थे।
- प्रदर्शन के लिए बनाए गए व्हाट्सएप ग्रुप के एडमिन भी यही थे।
24 घंटे चला हाईवोल्टेज ड्रामा
दिल्ली पुलिस और हिमाचल प्रदेश पुलिस के बीच बॉर्डर पर करीब 24 घंटे तक तनावपूर्ण स्थिति बनी रही। बाद में तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पटियाला कोर्ट में पेश किया गया और मेडिकल जांच के बाद दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की इंटरस्टेट सेल को सौंप दिया गया।
जांच किसके पास?
इस मामले की जांच अब नई दिल्ली जिला पुलिस से लेकर दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा की इंटरस्टेट सेल को सौंप दी गई है। साथ ही स्पेशल सेल और अन्य यूनिटों को भी जांच में लगाया गया है।
खुफिया एजेंसियों पर सवाल
घटना के बाद हिमाचल प्रदेश सरकार ने खुफिया तंत्र की कथित चूक पर नाराज़गी जताई है।
- मुख्य सचिव ने डीजीपी से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।
- मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भी मामले में रिपोर्ट मांगी है।
- मुख्य सचिव संजय गुप्ता की अध्यक्षता में डीजीपी अशोक तिवारी और अन्य अधिकारियों के साथ बैठक हुई।
सरकार ने यह चिंता जताई कि दिल्ली और हरियाणा पुलिस दो दिन तक हिमाचल में मौजूद रही और स्थानीय खुफिया एजेंसियों को इसकी जानकारी नहीं मिली। हालांकि, शिमला पुलिस द्वारा समय पर नाका लगाकर कार्रवाई करने की सराहना भी की गई है।
यह मामला अब राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर गंभीर रूप लेता दिख रहा है।







